कलम इंकलाब ज़िंदाबाद (ऑनलाइन वैबिनार)

आज़ादी की यादों का सिनेमाई सफ़र

15 अगस्त 2020 (शनिवार)
सायं 6:30 बजे से 8:00 बजे तक

हर साल आज़ादी का जश्न कुछ खास गानों और फिल्मों के बिना पूरा ही नहीं होता। चाहे फिर वो “मेरे देश की धरती” हो या “दे दी हमें आज़ादी” हो, या फिर ‘शहीद’ या ‘हक़ीक़त’ जैसी फिल्में।

जैसे जैसे समय बीतता जाता है, हम इतिहास की बारीकियां क्या, अहम पन्ने भी भूलने लगते हैं। लेकिन इन गीतों- फिल्मों की अद्भुत ताकत; आज़ादी के पर्व का जुनून आज भी हमारी रूहों में वहीं गरमाहट पैदा करता है, वहीं जोश, वहीं प्रेम पैदा करता है, जो 1947 के दौरान लोगों में रहा होगा।

वे कौन गीतकार थे जिन्होंने इन अमर गीतों को लिखा? वो फिल्म मेकर्स, वो रायटर्स कौन थे जिन्होंने गुलामी के खिलाफ हमारी जंग जागृत रखी?

हम भटकेंगे यादों की गलियों में, गीतकार समीर जी, उर्दू के शायर दानिश जावेद और स्क्रीनराइटर मनीषा कोरडे साथ। और बातचीत करेंगे लेखक निर्देशक बेदव्रता पेन से, जिन्होंने स्वतंत्रता की लड़ाई की अहम् कड़ी, ‘चिट्टागॉन्ग’ को परदे पर जिंदा किया ।

इतिहास में आज भी कई घटनाक्रम और संघर्ष गाथाएं हैं, जिन पर बेहतरीन फिल्में बन सकती हैं। लेकिन ऐसे फिल्मों को लिखा कैसे जाता है? अलग कालखण्ड में पैदा हुए ऐतिहासिक किरदारों को समझने में, आज के लेखक को क्या कठिनाई आती है?

इस वैबिनार में कुछ किस्से गीतों के होंगे तो कुछ लिखने के टिप्स होंगे। तारीख वही ऐतिहासिक।

पैनलिस्ट:

समीर अंजान
वरिष्ठ गीतकार, सर्वाधिक गीत लिखने के लिए गिनीज़ बुक ऑफ़ वर्ल्ड रेकॉर्ड में नाम दर्ज। तीन फिल्मफेयर पुरस्कार।

दानिश जावेद
शायर और स्क्रीनराइटर, ‘इश्क़ सुभानल्लाह’ और ‘सूफियाना प्यार मेरा’ जैसे टीवी शोज़ के लिए मशहूर।

बेदव्रता पेन
फिल्म निर्देशक और स्क्रीनराइटर, फिल्म ‘चिट्टागॉन्ग’ के लिए सर्वश्रेष्ठ डेब्यू नर्देशक का राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त विजेता। (फिल्म ‘चिट्टागॉन्ग’ Independence Day Film Festival 2020 के तहत NFDC की वैबसाइट पर दिखायी जा रही है। लिंक: https://www.cinemasofindia.com/#product/16059-77784/77787/chittagong )

मनीषा कोरडे
स्क्रीनराइटर, ‘मालामाल वीकली’ और ‘भूल भूलैय्या’ जैसी कई फिल्मों के संवाद लिखने के लिए जानी जाती हैं।

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रजिस्ट्रेशन लिंक: https://forms.gle/8aZfJapXDg8yAt5z8 

इवेंट पेज लिंक: https://www.facebook.com/events/380489089601113

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महत्वपूर्ण निर्देश

1. यह एक फ़्री ऑनलाइन वैबिनार है जिसमें सभी SWA सदस्य और ग़ैर-सदस्य भाग ले सकते हैं।
2. रजिस्टर करने वाले प्रतिभागियों को उनका ज़ूम वैबिनार इन्विटेशन ईमेल कार्यक्रम से एक दिन पहले भेजा जाएगा।
3. स्थान सीमित हैं और इन्विटेशन ईमेल से वैबिनार में प्रवेश ‘पहले आओ, पहले पाओ’ के आधार पर दिया जायेगा। अटैन्डी लिमिट भर जाने पर संभव है कि गूगल फॉर्म भरने पर भी आपको ज़ूम इन्विटेशन ईमेल ना मिले। या, ज़ूम ईमेल मिलने के बाद भी आप हमारे ज़ूम सैशन से ना जुड़ सके। ऐसे में आप इसे हमारे फेसबुक पेज पर लाइव देख सकेंगे और बाद में रेकॉर्डिंग भी हमारे यूट्यूब चैनल पर उपलब्ध रहेगी।
4. यह वैबिनार हमारे आधिकारिक फ़ेसबुक पेज www.facebook.com/swaindiaorg पर लाइव प्रसारित किया जायेगा।
5. आप हमारे पैनलिस्ट से कोई सवाल करना चाहे तो गूगल फॉर्म में लिखें। पैनलिस्ट ज़्यादा से ज़्यादा सवालों के जवाब देने का प्रयास करेंगे पर अमूमन सभी सवालों का जवाब दिया जाना संभव नहीं रहता है। प्रतिभागियों से सहयोग की अपेक्षा है। पहले से भेजे गए प्रश्नों को वरीयता दी जायेगी। सिर्फ वैबिनार के विषय से जुड़े सवालों पर ही ग़ौर किया जायेगा।
6. अधिक जानकारी के लिए हमें event@swaindia.org ईमेल करें।

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